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गरीबी पढ़ाना : दृष्टि की गरीबी भाग - 1

बोस, सुकन्या

FormatEbook
Published2014
LanguageHindi
ReadingIncluded
Full text being prepared Keep a copy ₹9
About this book
ग़रीबी हमारे समाज का एक महत्त्वपूर्ण पहलू है। हमारी व्यवस्था इसे आर्थिक नज़रिए से देखती है। यह लेख भारतीय स्कूलों में पढ़ाए जाने वाले अर्थशास्त्र की प्रकृति की छानबीन करता है। साथ ही उस नज़रिए को भी परखने का प्रयास करता है जिसके माध्यम से विकास के मुद्दों को विद्यार्थियों के समक्ष प्रस्तुत किया जाता है।

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